Goa में बड़ा क्रिप्टो स्कैम
गोवा की राजधानी Panaji से एक बड़ा वित्तीय घोटाला सामने आया है, जहां निवेशकों के एक समूह ने ₹7.36 करोड़ से अधिक की कथित ठगी की शिकायत दर्ज कराई है। यह मामला क्रिप्टोकरेंसी और फॉरेक्स ट्रेडिंग से जुड़े प्लेटफॉर्म्स, “BotBro”, “Bot Alpha” और “MineCrypto” के माध्यम से चलाए गए निवेश स्कीम से जुड़ा बताया जा रहा है।
निवेशकों का आरोप है कि उन्हें उच्च रिटर्न का लालच देकर पैसे जमा करवाए गए और बाद में प्लेटफॉर्म अचानक निष्क्रिय हो गए।
Source – Goa News Hub X Post
ऊंचे रिटर्न का लालच और निवेशकों को फंसाने का तरीका
शिकायत के अनुसार, आरोपियों ने निवेशकों को हर महीने 3% से 10% तक के आकर्षक रिटर्न का वादा किया। बताया गया कि यह कमाई फॉरेक्स ट्रेडिंग और क्रिप्टो निवेश के जरिए की जाएगी, जिसमें AI आधारित सिस्टम और ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म जैसे MetaTrader 5 का उपयोग होने का दावा किया गया।
शुरुआती दौर में कुछ निवेशकों को रिटर्न भी दिया गया, जिससे विश्वास बढ़ा और नए लोग जुड़ते गए। धीरे-धीरे यह नेटवर्क फैलता गया और अधिक लोगों ने अपनी बचत इसमें लगा दी। निवेशकों का कहना है कि यह पूरी व्यवस्था एक पोंजी जैसी संरचना पर आधारित थी, जहां नए निवेश से पुराने निवेशकों को भुगतान किया जा रहा था।
समय के साथ TLC Coin, Cross Market और MineCrypto जैसे नए प्रोजेक्ट्स पेश किए गए, जबकि पुराने प्लेटफॉर्म्स से रिटर्न आना बंद हो गया। इससे निवेशकों को संदेह होने लगा, लेकिन तब तक बड़ी रकम फंस चुकी थी।
पैसे की निकासी रुकी, क्रिप्टो ट्रांसफर और हवाला का आरोप
मामला तब गंभीर हो गया जब 2025 की शुरुआत में निवेशकों को पैसे निकालने में दिक्कत आने लगी। आरोप है कि निकासी पूरी तरह बंद कर दी गई और निवेशकों को कहा गया कि वे अपनी राशि क्रिप्टो वॉलेट्स में ट्रांसफर करें, जहां से कुछ महीनों में भुगतान करने का आश्वासन दिया गया।
हालांकि, यह वादा पूरा नहीं हुआ। शिकायत में यह भी कहा गया है कि बड़ी मात्रा में नकद रकम हवाला के जरिए दुबई भेजी गई। इस पूरे मामले में तीन आरोपियों के नाम सामने आए हैं, Lavish Chaudary (जो Rashid Ali और Nawab Khan नाम से भी जाने जाते हैं और फिलहाल दुबई में बताए जा रहे हैं), Ashutosh Atchut Naik और Suraj Vishnu Kande।
निवेशकों का यह भी आरोप है कि बाद में आरोपियों ने नुकसान का हवाला देकर नए प्लेटफॉर्म्स में दोबारा निवेश करने के लिए दबाव बनाया, ताकि पहले की रकम को रिकवर करने का झांसा दिया जा सके।
कानूनी कार्रवाई और जांच की मांग
इस मामले में निवेशकों ने कई गंभीर धाराओं के तहत शिकायत दर्ज कराई है। इसमें Bharatiya Nyaya Sanhita, Information Technology Act, Prevention of Money Laundering Act, SEBI Act और Banning of Unregulated Deposit Schemes Act के प्रावधान शामिल हैं।
शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया है कि यह मामला आपराधिक साजिश, धोखाधड़ी और विश्वासघात से जुड़ा है। उन्होंने पुलिस से एफआईआर दर्ज करने, विस्तृत जांच शुरू करने और फंसी हुई रकम को वापस दिलाने की मांग की है।
फिलहाल इस मामले में आगे की कार्रवाई का इंतजार है, लेकिन यह घटना एक बार फिर क्रिप्टो और फॉरेक्स निवेश के नाम पर हो रही ठगी की ओर ध्यान खींचती है।
कन्क्लूजन
Panaji का यह मामला दिखाता है कि ऊंचे रिटर्न के लालच में निवेश करना कितना जोखिम भरा हो सकता है। “BotBro” और “MineCrypto” जैसे प्लेटफॉर्म्स के जरिए चलाए गए इस कथित घोटाले ने कई निवेशकों की मेहनत की कमाई को खतरे में डाल दिया।
यह घटना निवेशकों के लिए एक चेतावनी है कि बिना पूरी जांच के किसी भी स्कीम में पैसा लगाना खतरनाक हो सकता है। खासकर जब रिटर्न असामान्य रूप से ज्यादा हो और पारदर्शिता की कमी हो।
क्रिप्टो और फॉरेक्स जैसे क्षेत्रों में अवसर जरूर हैं, लेकिन इनके साथ जोखिम भी उतने ही बड़े हैं। इसलिए जरूरी है कि निवेशक सतर्क रहें, केवल भरोसेमंद प्लेटफॉर्म्स का ही इस्तेमाल करें और किसी भी स्कीम में निवेश से पहले पूरी जानकारी जरूर लें। क्रिप्टो मार्केट से जुडी इसी तरह की न्यूज़ के लिए आप हमारी वेबसाइट के Crypto News Hindi Section पर क्लिक कर सकते हैं।
